नई दिल्ली-पश्चिमी दिल्ली के ख्याला थानाक्षेत्र के आधिन आने वाले रधुवीर नगर सीमेन्ट गोदाम के साथ शाम को पांच बजे से रेहडी लगनी शुरू होती है इसमें मोमोस आन्डे आमलेट व चीकन बेचने बालो द्वारा रेहडी लगाई जाती है ये रेहडी शाम पांच बजे से लेकर रात ग्यारा 12 बजे रात देर रात तक लगाई जाती है इन रेहडियो पर देखने में आया है दस पन्द्रह वर्ष के बच्चे रखे गए है इसका ये है कि बच्चो को कम पैसे देने पडते है जो की ये रेहडी लगाने वाले अपना फायदा देख रहे है।
जबकी छोटे बच्चो को ऐसे काम करना कानूनन अपराध है कार्य करने वाले बच्चो के दिमाग पर भी इसका बुरा असर पडता है फिर भी इन्हे रखा गया है वही ये भी देखने में आया है प्राप्त जानकारी के मुताबिक इन रेहडीयो पर कई बार लोगो को शराब पीते देखा गया है जिसके बारे में निगम के लाईसेन्सीगं विभाग के एल आई प्रकाश से पुछा गया इस अधिकारी का कहना था की देर रात तक लगने वाली रेहडी वालो को रोकने का कार्य स्थानीयां पुलिस का काम है ठीक इस प्रकार स्थानीयां पुसिस का कहना था कि ये काम निगम अधिकारीयो का है दोनो मिलकर यहां ये कार्य कर रहे है व कानून की धज्जियां उडा रहे है।
यहां तक देखने में आया है कई बार इन रेहडीयो पर झगडे भी होते मगर इससे दोनो विभागो को कोई फर्क नही पडता ये यहां पर जो कुछ भी चल रहा है वे पुलिस व निगम की छत्रछाया में चल रहा है उन्ही की सांठ गांठ से ये सब चल रहा है इस प्रकार रेहडी पटरी चलने का मतलब है दोनो विभागो में भ्रष्टाचार चर्म पर है ये सब वीट वालो की सांठगांठ से चल रहा है व रिशवत खोरी का धन्धा काफी फलफूल रहा है इस कारण ये दोनो विभाग मुकदर्शक बने दिखाई पड रहे हे ।